KANPUR NEWS : कानपुर में चोरों ने भाजपा पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य अशोक कुमार के घर को निशाना बनाकर बड़ी चोरी की वारदात को अंजाम दिया। रावतपुर थाना क्षेत्र की सुदर्शन हाउसिंग सोसायटी में हुई इस घटना में चोर घर का मुख्य दरवाजा तोड़कर अंदर दाखिल हुए और दो कमरों में रखी अलमारियों के ताले तोड़ दिए। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, चोर करीब 15 लाख रुपये की नकदी, जेवरात और अन्य सामान लेकर फरार हुए हैं। घटना उस समय हुई, जब अशोक कुमार अपने घर पर नहीं थे। वह आयोग की बैठक में शामिल होने के लिए 18 अगस्त की शाम लखनऊ गए थे। अगले दिन उन्होंने पिछड़ा मोर्चा की बैठक में हिस्सा लिया। शनिवार देर शाम जब वह वापस कानपुर स्थित अपने घर पहुंचे तो मुख्य दरवाजे का ताला टूटा देखकर उनके होश उड़ गए। घर के अंदर पहुंचने पर कमरों का सामान अस्त-व्यस्त मिला। जांच करने पर पता चला कि चोरों ने दो कमरों में रखी अलमारियों को भी नहीं छोड़ा। उनके ताले तोड़कर चोरों ने अंदर रखा सामान खंगाला। अलमारियों में परिवार के सदस्यों के कपड़े, नकदी, जेवरात और दूसरी कीमती चीजें रखी थीं। अशोक कुमार के मुताबिक, उनकी पत्नी आशा पिछले करीब एक महीने से गुरुग्राम में हैं। उनका बेटा पारिजात अपनी पत्नी के साथ गुरुग्राम में रहकर निजी कंपनी में नौकरी करता है। करीब सात महीने पहले उनके घर बेटी का जन्म हुआ था। वहीं उनकी बेटी अरुणिमा मुरादाबाद में यूपी ग्रामीण बैंक में सहायक प्रबंधक के पद पर कार्यरत हैं। पत्नी के घर पर मौजूद नहीं होने के कारण चोरी हुए सामान की पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आ सकी है। परिवार की ओर से सामान की जांच की जा रही है। फिलहाल करीब 15 लाख रुपये के सामान की चोरी का अनुमान लगाया गया है। वारदात की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। डायल 112 के साथ गुरुदेव पैलेस चौकी प्रभारी और पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आसपास के लोगों से भी जानकारी जुटाई। इसके साथ ही सोसायटी और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग खंगाली जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। थाना प्रभारी कमलेश राय ने बताया कि मामले की जांच चल रही है। पीड़ित की तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर चोरों की तलाश तेज की जाएगी। फिलहाल पुलिस आसपास के इलाकों में संदिग्ध गतिविधियों और सीसीटीवी फुटेज के जरिए वारदात का सुराग तलाश रही है। ये भी पढ़े : सतीश महाना के बयान पर भड़की कांग्रेस, कानपुर में सियासी संग्राम, गौतम बोले- ‘महाना के इशारे पर चल रहा प्रशासन’