गुरुवार, 20 अगस्त 2026 को दलाल स्ट्रीट पर आखिरकार राहत की सांस देखने को मिली। पिछले कई सत्रों से लगातार गिरावट झेल रहे बाजार ने आज जोरदार वापसी की और निवेशकों के चेहरे पर मुस्कान लौट आई। बीएसई सेंसेक्स ने चार दिन की गिरावट का सिलसिला तोड़ते हुए 628.04 अंक यानी 0.82 प्रतिशत की छलांग लगाई और 77,537.72 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी 50 भी 153.53 अंक यानी 0.64 प्रतिशत चढ़कर 24,231.85 पर सेटल हुआ। किन वजहों से आई तेजी आज की तेजी के पीछे सबसे बड़ी वजह वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत रहे। अमेरिकी ट्रेजरी डिपार्टमेंट ने लंबी अवधि के बॉन्ड्स की खरीद बढ़ाने का ऐलान किया, जिससे अमेरिका में बॉन्ड यील्ड नरम पड़ी और वैश्विक स्तर पर जोखिम लेने की भूख बढ़ी। इसका असर एशियाई बाजारों पर भी साफ दिखा — जापान का निक्केई करीब 0.76 प्रतिशत, हॉन्ग कॉन्ग का हैंगसेंग 1.09 प्रतिशत और दक्षिण कोरिया का कोस्पी तो 5 प्रतिशत से भी ज्यादा उछल गया। इसी अनुकूल माहौल ने घरेलू बाजार को भी सहारा दिया। सेक्टोरल मोर्चे पर देखें तो आज आईटी, रियल्टी और प्राइवेट बैंकिंग शेयरों ने बाजार को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। सेंसेक्स पैक में इन्फोसिस, बजाज फाइनेंस, एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा और टीसीएस जैसे दिग्गज टॉप गेनर्स की सूची में रहे — इन्फोसिस के शेयर तो करीब 1.87 प्रतिशत तक चढ़ गए। ब्रॉडर मार्केट में भी खरीदारी दिखी, निफ्टी मिडकैप इंडेक्स 0.41 प्रतिशत और स्मॉलकैप इंडेक्स 0.68 प्रतिशत मजबूत होकर बंद हुए, जो बताता है कि तेजी सिर्फ बड़े शेयरों तक सीमित नहीं रही। एफआईआई-डीआईआई की गतिविधि संस्थागत निवेशकों के आंकड़ों की बात करें तो विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बुधवार को 407.99 करोड़ रुपये की खरीदारी की, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) का भरोसा बाजार पर और मजबूत दिखा — उन्होंने 3,973.72 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। डीआईआई की यह लगातार खरीदारी बाजार को गिरावट में सहारा देने का काम कर रही है। आगे क्या रहेगी रणनीति हालांकि बाजार में आज मजबूती लौटी है, लेकिन कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और भू-राजनीतिक तनाव अब भी चिंता का विषय बने हुए हैं। बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक निफ्टी के लिए 24,200 का स्तर एक अहम सपोर्ट जोन है, जबकि 24,400-24,500 के आसपास मजबूत रेजिस्टेंस देखने को मिल सकता है। कुल मिलाकर नजरिया रेंजबाउंड से लेकर हल्के तेजी वाला बना हुआ है, और गिरावट पर खरीदारी की रणनीति अपनाई जा सकती है। डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सूचना और शिक्षा के उद्देश्य से है, इसे निवेश सलाह न समझें। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है, कोई भी निर्णय लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह अवश्य लें। आपकी नजर में आज की तेजी कितनी टिकाऊ है - क्या यह एक बड़ी रिकवरी की शुरुआत है या फिर अस्थायी उछाल? कमेंट में जरूर बताएं।