FIFA World Cup 2026|| biggest World Cup||football news: फीफा विश्व कप 2026 का इंतजार अब धीरे-धीरे खत्म हो रहा है। आईपीएल 2026 के बाद अब दुनिया की नजरें फुटबॉल के सबसे बड़े टूर्नामेंट पर होंगी। इस बार वर्ल्ड कप कई मायनों में खास होने वाला है, क्योंकि पहली बार इसकी मेजबानी तीन देश मिलकर कर रहे हैं। पहली बार तीन देशों में होगा वर्ल्ड कप फीफा विश्व कप 2026 का आयोजन 11 जून से 19 जुलाई तक किया जाएगा। इस बार अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको संयुक्त रूप से टूर्नामेंट की मेजबानी करेंगे। अमेरिका 1994 के बाद दूसरी बार वर्ल्ड कप की मेजबानी कर रहा है। वहीं मेक्सिको तीसरी बार इस बड़े टूर्नामेंट का मेजबान बनेगा। कनाडा पहली बार वर्ल्ड कप की मेजबानी करेगा। मेक्सिको करेगा टूर्नामेंट की शुरुआत टूर्नामेंट का पहला मैच 11 जून को मेक्सिको सिटी के एस्टाडियो एज़्टेका स्टेडियम में खेला जाएगा। मेक्सिको की टीम अपने घरेलू अभियान की शुरुआत साउथ अफ्रीका के खिलाफ करेगी। एस्टाडियो एज़्टेका दुनिया के सबसे प्रसिद्ध फुटबॉल स्टेडियमों में से एक है और यहां पहले दो वर्ल्ड कप फाइनल भी खेले जा चुके हैं। रिकॉर्ड 48 टीमें लेंगी हिस्सा इस बार वर्ल्ड कप में रिकॉर्ड 48 टीमें हिस्सा लेंगी। इससे पहले 1998 से 2022 तक वर्ल्ड कप में 32 टीमें खेलती थीं। मेजबान देशों अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको के अलावा यूरोप, एशिया, अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका, उत्तरी और मध्य अमेरिका तथा ओशिनिया की कई टीमें टूर्नामेंट में चुनौती पेश करेंगी। क्या होगा नया फॉर्मेट? 48 टीमों को 12 ग्रुप में बांटा जाएगा। हर ग्रुप की शीर्ष दो टीमें अगले दौर में पहुंचेंगी। इसके अलावा आठ सर्वश्रेष्ठ तीसरे स्थान वाली टीमें भी नॉकआउट चरण के लिए क्वालिफाई करेंगी। नए फॉर्मेट के तहत पहली बार राउंड ऑफ 32 खेला जाएगा। इसके बाद प्री-क्वार्टर फाइनल, क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल मुकाबले होंगे। अंत में दो टीमें 19 जुलाई को होने वाले फाइनल में खिताब के लिए भिड़ेंगी। 16 स्टेडियमों में होंगे मुकाबले वर्ल्ड कप 2026 के मैच कुल 16 स्टेडियमों में खेले जाएंगे। इनमें अमेरिका के 11, मेक्सिको के 3 और कनाडा के 2 स्टेडियम शामिल हैं। कनाडा का बीसी प्लेस स्टेडियम भी मेजबान वेन्यू में शामिल है। वहीं एस्टाडियो एज़्टेका ऐसा स्टेडियम है, जहां पहले भी फुटबॉल वर्ल्ड कप के मुकाबले खेले जा चुके हैं। 1,000 से ज्यादा खिलाड़ी दिखाएंगे दम इस बार टूर्नामेंट में 1,000 से ज्यादा खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। हर देश को 26 खिलाड़ियों का स्क्वॉड चुनने की अनुमति होगी, जिसमें तीन गोलकीपर भी शामिल होंगे। स्टार खिलाड़ियों पर रहेंगी नजरें मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना अपने खिताब का बचाव करने उतरेगा। वहीं फ्रांस 2022 के फाइनल में मिली हार का हिसाब चुकाने की कोशिश करेगा। स्पेन और इंग्लैंड दूसरे वर्ल्ड कप खिताब की तलाश में होंगे, जबकि पुर्तगाल और नीदरलैंड्स पहली बार ट्रॉफी जीतने का सपना लेकर मैदान में उतरेंगे। इसके अलावा ब्राजील छठा वर्ल्ड कप जीतकर अपना रिकॉर्ड और मजबूत करना चाहेगा, जबकि जर्मनी पांचवें खिताब की तलाश में होगा। लियोनेल मेसी और किलियन एम्बाप्पे के प्रदर्शन पर भी सभी की नजरें रहेंगी। ये भी पढ़े : RCB की ऐतिहासिक जीत के बाद वृंदावन पहुंचे विराट और अनुष्का, प्रेमानंद महाराज से लिया आशीर्वाद