Shraddha Dubey Arrested: कारोबारी शिवा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे को नागपुर से लखनऊ लाया गया है। उसके साथ उसकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश भी हैं। तीनों को 72 घंटे की ट्रांजिट रिमांड पर उत्तर प्रदेश लाया गया है। अब पुलिस हजरतगंज कोतवाली में उनसे पूछताछ कर मामले की कड़ियां जोड़ने की कोशिश करेगी। हजरतगंज कोतवाली में दर्ज होंगे बयान नागपुर की अदालत से ट्रांजिट रिमांड मिलने के बाद यूपी पुलिस तीनों आरोपियों को सड़क मार्ग से लखनऊ लेकर पहुंची। पुलिस की योजना के मुताबिक, हजरतगंज कोतवाली में पूछताछ और बयान दर्ज करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद तीनों को अदालत में पेश किया जाएगा। आगे की हिरासत और जेल भेजने को लेकर निर्णय न्यायालय की प्रक्रिया के अनुसार होगा। इससे पहले बुधवार को तीनों आरोपियों को नागपुर जिला एवं सत्र अदालत में पेश किया गया था। अदालत ने उन्हें 24 अक्टूबर तक की ट्रांजिट रिमांड दी थी, जिसके बाद यूपी पुलिस उन्हें लखनऊ लेकर रवाना हुई। क्या है शिवा शर्मा की मौत का मामला? यह मामला 9 अक्टूबर 2026 का है, जब लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट में कारोबारी शिवा शर्मा की फ्लैट से नीचे गिरने के बाद मौत हो गई थी। घटना की परिस्थितियों को लेकर सवाल उठे और मृतक के परिजनों ने उसकी लिव-इन पार्टनर श्रद्धा दुबे पर ब्लैकमेलिंग और हत्या जैसे गंभीर आरोप लगाए। परिवार का आरोप है कि श्रद्धा सोशल मीडिया के जरिए शिवा के संपर्क में आई थी और उसे प्रताड़ित कर रही थी। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी। नेपाल भागने की आशंका के बीच गिरफ्तारी घटना के बाद श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि और ड्राइवर के नेपाल भागने की आशंका जताई गई थी। भारत-नेपाल सीमा के पास एक लावारिस कार और सीसीटीवी फुटेज मिलने की जानकारी भी सामने आई थी। इसके बाद क्राइम ब्रांच और हजरतगंज पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीनों को नागपुर से गिरफ्तार किया। अब पूछताछ से जुड़े अहम सवाल पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि शिवा की मौत किन परिस्थितियों में हुई और घटना से पहले क्या-क्या हुआ था। तीनों आरोपियों के बयानों, उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मामले में अब सबकी नजर पुलिस पूछताछ और अदालत में होने वाली पेशी पर है। ये भी पढ़ें: लखनऊ से नेपाल और फिर नागपुर… गिरफ्तारी से पहले कहां-कहां छिपी रही श्रद्धा?