बिज़नेस

सेंसेक्स-निफ्टी में मामूली गिरावट, IT-FMCG शेयरों पर दबाव हावी

बुधवार को घरेलू शेयर बाजार में शुरुआती बढ़त गायब हो गई और कारोबार के अंत में दोनों बेंचमार्क सूचकांक हल्की गिरावट के साथ बंद हुए। सुबह अच्छे ग्लोबल संकेतों के दम पर बाजार ने मजबूत शुरुआत की थी, लेकिन दिन चढ़ने के साथ आईटी, एफएमसीजी और ऑटो शेयरों में बिकवाली हावी हो गई, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी दिन के हाई से काफी नीचे फिसल गए।

कहां बंद हुए बाजार

बीएसई सेंसेक्स 41.78 अंक यानी 0.05 प्रतिशत गिरकर 77,614.31 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी50 57.65 अंक यानी 0.24 प्रतिशत टूटकर 24,276.90 पर आ गया। मंगलवार को दोनों सूचकांकों ने अच्छी बढ़त दर्ज की थी—सेंसेक्स 286.98 अंक चढ़कर 77,656.09 और निफ्टी 115.50 अंक की छलांग लगाकर 24,334.55 पर बंद हुआ था। यानी आज बाजार ने पिछले सत्र का ज्यादातर मुनाफा गंवा दिया।

ब्रॉडर मार्केट का हाल

जहां लार्जकैप शेयरों में दबाव दिखा, वहीं मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने निवेशकों को राहत दी। निफ्टी मिडकैप 0.09 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप करीब 0.83 प्रतिशत की मजबूती के साथ हरे निशान में कारोबार करते नजर आए। इससे साफ है कि बड़े निवेशकों का ध्यान आज छोटी और मझोली कंपनियों की तरफ ज्यादा रहा।

सेक्टर के मोर्चे पर क्या रहा खास

मेटल शेयरों में आज रौनक दिखी। हिंदुस्तान जिंक, सेल (स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया) और हिंदुस्तान कॉपर निफ्टी मेटल इंडेक्स में सबसे ज्यादा चढ़ने वाले शेयरों में शामिल रहे। सीमेंट शेयरों ने भी अच्छा प्रदर्शन किया—रामको सीमेंट, डालमिया भारत और श्री सीमेंट के दम पर निफ्टी सीमेंट इंडेक्स करीब एक प्रतिशत मजबूत हुआ। दूसरी तरफ, आईटी, एफएमसीजी और ऑटो शेयरों में मुनाफावसूली हावी रही, जिसने बेंचमार्क सूचकांकों को नीचे खींचा।

FII-DII गतिविधि

विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) का भरोसा भारतीय बाजार पर अब भी बना हुआ है। मंगलवार को FII ने कैश सेगमेंट में 1,593.53 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 230.26 करोड़ रुपये का निवेश किया। अगस्त महीने में अब तक FII करीब 27,186 करोड़ रुपये की खरीदारी कर चुके हैं, जो बाजार के लिए एक सकारात्मक संकेत है।

ग्लोबल संकेत और कच्चे तेल का असर

ईरान की ओर से ओमान के साथ बातचीत फिर शुरू करने की खबर के बाद कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखी गई, जिससे एशियाई बाजारों में भी मजबूती का रुख रहा। सस्ता कच्चा तेल भारत जैसे आयात पर निर्भर देश के लिए राहत की खबर मानी जाती है, क्योंकि इससे महंगाई और चालू खाता घाटे पर दबाव कम होता है।

कॉरपोरेट फ्रंट पर सुर्खियां

हिंदुस्तान कॉपर में अतिरिक्त 3 प्रतिशत हिस्सेदारी की बिक्री के लिए OFS आज खुदरा निवेशकों के लिए खुल गया। वहीं, पेप्सिको की बॉटलिंग पार्टनर वरुण बेवरेजेज ने बड़ा ऐलान करते हुए बताया कि वह अब अल्कोहलिक ड्रिंक्स सेगमेंट में उतरने जा रही है और इसके लिए “किवा स्पिरिट्स एंड कंपनी” नाम की नई सब्सिडियरी बनाई जाएगी।

आगे क्या उम्मीद करें

आने वाले सत्रों में बाजार की दिशा काफी हद तक ग्लोबल क्रूड कीमतों, FII फ्लो और आईटी-एफएमसीजी जैसे भारी-भरकम सेक्टरों के प्रदर्शन पर निर्भर करेगी। मिडकैप और स्मॉलकैप में दिख रही मजबूती बताती है कि बाजार में चयनात्मक खरीदारी अभी भी जारी है।

डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है और इसे निवेश सलाह न समझा जाए। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है, कृपया निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह लें।

आपके पोर्टफोलियो में आज किन शेयरों ने सबसे ज्यादा उतार-चढ़ाव दिखाया? कमेंट में जरूर बताएं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Translate »