उत्तर प्रदेश

पूर्व पार्षद का बड़ा खेल बेनकाब! सरकारी नौकरी के नाम पर लाखों की ठगी, पुलिस ने किया गिरफ्तार

बरेली में पूर्व पार्षद एडमिन हरमन को सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर 6.5 लाख रुपये की ठगी के आरोप में गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब अन्य संभावित पीड़ितों और मामलों की जांच कर रही है।

Reported by Deepak Kumar and edited by Shagun Chaurasia

Bareilly Fraud: सरकारी नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर लाखों रुपये की ठगी करने के आरोप में बरेली कैंटोनमेंट बोर्ड के पूर्व पार्षद एडमिन हरमन को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। शहर कोतवाली पुलिस की कार्रवाई के बाद सामने आए इस मामले ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। शुरुआती जांच में आरोपी पर फर्जी दस्तावेजों के जरिए लोगों का विश्वास जीतकर मोटी रकम वसूलने का आरोप लगा है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कहीं इस गिरोह का शिकार और लोग भी तो नहीं बने।

नौकरी का झांसा

मिशन कंपाउंड, सिविल लाइंस निवासी डार्विन डेविस ने शहर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। उनका आरोप है कि एडमिन हरमन ने उनके भाई को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया और इसी बहाने करीब 6.5 लाख रुपये ले लिए। शिकायत के मुताबिक आरोपी ने खुद को प्रभावशाली बताते हुए भरोसा दिलाया कि जल्द ही सरकारी विभाग में नियुक्ति करा दी जाएगी।

धमकी के बाद गिरफ्तारी

समय बीतने के बावजूद जब नौकरी नहीं मिली तो पीड़ित ने आरोपी से अपने रुपये वापस मांगे। आरोप है कि एडमिन हरमन लगातार टालमटोल करता रहा। बाद में उसने न केवल पैसे लौटाने से इनकार कर दिया, बल्कि शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित की तहरीर के आधार पर शहर कोतवाली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर गुरुवार शाम करीब पांच बजे पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

ठगी नेटवर्क की जांच

पुलिस के अनुसार पूछताछ में एडमिन हरमन ने सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से धन लेने की बात स्वीकार की है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी पहले बरेली कैंटोनमेंट बोर्ड का पार्षद रह चुका है, जिससे लोगों का उस पर आसानी से भरोसा बन जाता था। फिलहाल पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी ने इसी तरह कितने अन्य लोगों से रकम वसूली है और क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यदि कोई इसी प्रकार की ठगी का शिकार हुआ है तो वह आगे आकर शिकायत दर्ज कराए, ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।

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