Uttar Pradesh || Banda || Transport Mafia : उत्तर प्रदेश के बाँदा जिले से एक महत्वपूर्ण खबर आई है। यहाँ मटौंध थाना पुलिस ने सरकारी राजस्व को नुकसान पहुँचाने वाले एक बड़े गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने खनिज और परिवहन विभाग (RTO) के अधिकारियों की गतिविधियों की निगरानी करने वाले 'लोकेटर गैंग' के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। यह गिरोह अधिकारियों की लोकेशन को माफियाओं को बताकर अवैध और ओवरलोड खनन के वाहनों को जिले की सीमा पार करने में मदद करता था। अफसरों के पीछे जासूसों की गाड़ी, ऐसे चलता था खेल पकड़े गए आरोपियों की योजना बहुत चालाक थी। जैसे ही खनिज राजस्व या परिवहन विभाग के अधिकारी अवैध खनन और ओवरलोडिंग की जांच के लिए निकलते, ये जासूस अपनी बाइक पर उनके पीछे लग जाते। फिर अधिकारियों की हर एक पल की लोकेशन और मूवमेंट की जानकारी व्हाट्सएप और अन्य तरीकों से अवैध वाहनों के ड्राइवरों और मालिकों तक पहुंचा दी जाती थी। जैसे ही उन्हें लोकेशन मिलती, ओवरलोड वाहन अपना रास्ता बदल लेते या अधिकारियों के निकलने तक छिप जाते। इसके बदले में ये गिरोह वाहन के मालिकों से मोटी रकम वसूलता था। नगदी, मोबाइल और रेकी में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद मटौंध थाना पुलिस ने विश्वसनीय सूचना के आधार पर जाल बिछाकर दोनों अभियुक्तों को 'बसहरी तिराहे' से पकड़ लिया। जब पुलिस ने उनकी तलाशी ली, तो कई चौंकाने वाली चीजें मिलीं। गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से 79 हजार रुपये की नगदी, लोकेशन बताने के लिए इस्तेमाल किए गए 2 मोबाइल फोन और रेकी के लिए इस्तेमाल होने वाली एक मोटरसाइकिल बरामद की गई है। अन्य संदिग्धों की तलाश तेज, जल्द होंगे सलाखों के पीछे इस महत्वपूर्ण सफलता को लेकर सहायक पुलिस अधीक्षक मेविस टॉक ने एक बयान जारी किया है। उन्होंने बताया कि इस गिरोह की गिरफ्तारी से अवैध खनन और परिवहन पर रोक लगेगी। उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस की नजर में और भी कई संदिग्ध और गिरोह हैं, जो छिपकर इस अवैध कार्य को कर रहे हैं। पुलिस की टीमें उनकी तलाश में जुटी हैं और जल्द ही उन्हें भी पकड़कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ये भी पढ़े : खाना खाकर निकला फिर कुछ देर बाद पेड़ से लटका मिला… बांदा में युवक की रहस्यमयी मौत