Mahoba News: उत्तर प्रदेश के महोबा जिला अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यहां इलाज के लिए भर्ती किशोरी से महिला वार्ड में घुसकर छेड़छाड़ करने वाले एक मनचले की पीड़िता और उसके भाई ने चप्पलों से जमकर पिटाई कर दी। मामला शहर कोतवाली क्षेत्र के डहर्रा गांव से जुड़ा है। डहर्रा निवासी 15 वर्षीय किशोरी लक्ष्मी पिछले 15 दिनों से पेट दर्द की शिकायत पर जिला अस्पताल के महिला वार्ड नंबर 2 में भर्ती है। उसी वार्ड में उसकी मां कौशल्या भी इंफेक्शन के कारण उपचाराधीन हैं। महिला वार्ड में घुसपैठ पीड़िता के बताया कि बीती रात एक अज्ञात नशेड़ी युवक महिला वार्ड में घुस आया। उसने किशोरी को देखकर अश्लील इशारे करने शुरू कर दिए और बार-बार उसका मोबाइल नंबर मांगने लगा। आरोप है कि युवक रात भर में कई बार वार्ड के आसपास चक्कर लगाता रहा। इस दौरान अस्पताल का कोई भी सुरक्षा कर्मी या गार्ड उसे रोकने नहीं आया। चप्पलों से सबक अभद्रता से तंग आकर किशोरी ने अपने पास सो रहे भाई नीरज को पूरी बात बताई। दोनों भाई-बहन बाहर निकले तो आरोपी युवक वहीं खड़ा मिला। टोकने पर वह भागने लगा, लेकिन दोनों ने दौड़कर उसे पकड़ लिया। गुस्से से भरी किशोरी ने मौके पर ही अपनी चप्पलों से युवक की जमकर पिटाई कर दी। चप्पलों की मार पड़ते ही मनचला चीखता-चिल्लाता माफी मांगने लगा। पुलिस की लापरवाही मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू पुलिस की भूमिका रही। पीड़िता का आरोप है कि पिटाई के दौरान मौके पर तीन वर्दीधारी पुलिसकर्मी मौजूद थे। परिवार ने पुलिसकर्मी से शिकायत भी की, लेकिन आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय उसे मौके से जाने दिया गया। लक्ष्मी के परिवार ने कहा, "जब अस्पताल में तैनात पुलिसकर्मी ही मनचलों को बचाता है, तो हम जैसे आम मरीज, खासकर महिलाएं खुद को सुरक्षित कैसे महसूस करें?" अस्पताल प्रशासन की सफाई इस पूरे मामले पर जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. सुरेश का कहना है कि यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है और न ही ऐसी कोई लिखित शिकायत मिली है। उन्होंने कहा कि शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई कराई जाएगी। परिवार ने अब अस्पताल प्रशासन से सख्त सुरक्षा व्यवस्था और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। ये भी पढ़ें: मोहर्रम पर्व से पहले सुरक्षा कड़ी, सीओ सिटी ने किया पैदल भ्रमण