Sector-96 Noida : नोएडा प्राधिकरण के नए मुख्य प्रशासनिक भवन को पूरी तरह से चालू करने और वहां महत्वपूर्ण बैठकों के आयोजन के लिए प्रशासनिक विभाग युद्धस्तर पर तैयारियों में लगा हुआ है। इसी क्रम में नोएडा प्राधिकरण के सीईओ कृष्णा करुणेश ने अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी, ओएसडी और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ नए प्रशासनिक भवन का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने परिसर की सफाई, सुरक्षा और तकनीकी व्यवस्थाओं को समय पर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए हैं ताकि यहां से कार्य सुचारू रूप से आरंभ किया जा सके। विशाल ऑडिटोरियम लगभग 390 करोड़ रुपये की भारी लागत से बनाया हुआ यह नया मुख्य प्रशासनिक कार्यालय नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे की 45 मीटर चौड़ी सर्विस रोड पर है। यह भव्य परिसर शहर के सभी प्रमुख मार्गों जैसे एमपी 1, 2, 3 मार्ग, उद्योग मार्ग, डीएससी मार्ग, सेक्टर-104 लिंक मार्ग और सेक्टर-44 मुख्य मार्ग से सीधे जुड़े हुए हैं, जिससे यहाँ पहुंचना बहुत आसान हो गया है। इस प्रमुख प्रशासनिक भवन में दो बड़े टावर निर्धारित किए गए हैं, जिसमें टावर-1 का क्षेत्रफल 40,824 वर्ग मीटर और टावर-2 का क्षेत्रफल 14,840 वर्ग मीटर है। इसके अलावा , यहाँ 1,780 वर्ग मीटर का एक विशाल और अत्याधुनिक ऑडिटोरियम (सभागार) भी निर्मित किया गया है। सभी विभाग एक छत के नीचे इस बहुमंजिला इमारत का निर्माण कार्य जनवरी 2016 में शुरू हुआ था, और इसे अप्रैल 2026 में पूरी तरह से पूरा किया गया । यह पूरी इमारत ग्राउंड के साथ 7 मंजिलों की है और वाहन पार्किंग की सुविधा के लिए इसमें शानदार डबल बेसमेंट पार्किंग बनाई गई है। नए नियमानुसार इस भवन के टावर-2 में आम जनता से जुड़े सभी आवश्यक कार्यालयों को बदली किया जा रहा है। अब प्राधिकरण के अध्यक्ष, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, कार्मिक विभाग, नियोजन, भूलेख, वित्त, आवासीय भूखंड, भवन विभाग, वाणिज्यिक, औद्योगिक, विधि विभाग, ग्रुप हाउसिंग सहित आईजीआरएस और आरटीआई सेल के कार्यालय इसी एक भवन से संचालित होंगे, जिससे जनता का समय बचेगा। हाईटेक बोर्ड रूम भवन की आंतरिक संरचना को अत्यधिक आधुनिक और सुविधाजनक बनाया गया है। इमारत के सातवें मंजिल पर प्राधिकरण के चेयरमैन का कक्ष और एक बड़ा बोर्ड रूम तैयार किया गया है, जहां नीतिगत निर्णय लिए जाएंगे। इसके ठीक नीचे छठे मंजिल पर प्राधिकरण के सीईओ का कार्यालय, दो अत्याधुनिक कॉन्फ्रेंस रूम और जनता की समस्याओं का त्वरित निवारण करने के लिए एक विशेष जनसुनवाई केंद्र बनाया गया है। इस खूबसूरत इमारत में अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों की आसान आवाजाही के लिए कुल 11 हाई-स्पीड लिफ्ट लगाए गए हैं। भवन के संचालन से पहले इसके आस-पास की सड़कों को सुधारने का काम किया जा रहा है और धूल-मिट्टी को रोकने के लिए वाटर स्प्रिंकलर द्वारा पानी का छिड़काव भी किया जा रहा है। ये भी पढ़े : मुहर्रम के जुलूस में दिखी गंगा-जमुनी तहजीब! सूरजपुर में हिंदू-मुस्लिम एकता ने जीता दिल