CM Yogi In Noida: अंतरराष्ट्रीय एमएसएमई दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जेवर क्षेत्र के विकास पर एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक बयान दिया है। उन्होंने कहा कि जो जेवर क्षेत्र पहले 'जंगलराज' और अपराधों के लिए कुख्यात था, वह अब कानून-व्यवस्था और औद्योगिक विकास के जरिए 'मंगलराज' के रूप में बदल चुका है। सेक्टर-10 में अंबर इंटरप्राइजेज और एस्केंट सर्किट की इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के शिलान्यास समारोह में मुख्यमंत्री ने बताया कि इस क्षेत्र में 6,785 करोड़ रुपये का भारी निवेश किया जाएगा। यह परियोजना कोरिया के साथ एक संयुक्त उद्यम (जॉइंट वेंचर) के तहत कार्यान्वित हो रही है। इस मौके पर सीएम योगी ने उत्तर प्रदेश और कोरिया के प्राचीन सांस्कृतिक संबंधों का स्मरण करते हुए अयोध्या की राजकुमारी रत्ना का भी उल्लेख किया, जो जलमार्ग से कोरिया पहुंचकर वहां की रानी बन गई थीं। Noida बना मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग लीडर मुख्यमंत्री ने साफ़ कहा कि इस महा-निवेश से भारत उन इलेक्ट्रॉनिक और सेमीकंडक्टर कंपोनेंट्स का घरेलू उत्पादन शुरू करेगा, जिन्हें पहले दूसरे देशों से महंगे आगत करना पड़ता था। भारत आत्मनिर्भर बनने के साथ-साथ इन स्वदेशी वस्तुओं का बड़े पैमाने पर विदेशों में भेजा भी करेगा। उत्तर प्रदेश सरकार के पास वर्तमान में निवेशकों के लिए 75 हजार एकड़ का बड़ा लैंड बैंक उपलब्ध है, और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सिंगल विंडो प्रणाली और आकर्षक इंसेंटिव प्रदान किए जा रहे हैं। ध्यान देने योग्य है कि गौतमबुद्ध नगर पहले ही देश का सबसे बड़ा मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग हब बन चुका है, जहां भारत में बन रहे कुल मोबाइल फौोन का 55 प्रतिशत उत्पादन होता है, और अब यह नया प्रोजेक्ट इस सफलता को नई ऊंचाई पर ले जाएगा। जेवर में हाईटेक PCB, ₹40 हजार करोड़ बचत समारोह में केंद्रीय रेल, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने उपस्थित लोगों को प्रिंटेड सर्किट बोर्ड (पीसीबी) की तकनीकी क्षमताओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने मंच पर 14 लेयर और 55 लेयर वाले हाई-टेक पीसीबी सर्किट को प्रदर्शित करते हुए घोषणा की कि अब इनका उत्पादन विदेशों के बजाय सीधे जेवर में किया जाएगा। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि भारत हर साल लगभग 40 हजार करोड़ रुपये के पीसीबी आयात करता था, लेकिन जेवर में इस इकाई के स्थापना से देश के करोड़ों रुपये की बचत होगी। साथ ही, उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हाल ही में स्वीकार किए गए बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट की जानकारी देते हुए बताया कि दिल्ली से लखनऊ, वाराणसी, पटना और सिलीगुड़ी के बीच बुलेट ट्रेन का संचालन होगा, जिससे जेवर से लखनऊ का सफर केवल एक घंटे 40 मिनट में पूरा हो सकेगा। महिलाओं को मौका, एयरपोर्ट का फायदा कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र सिंह ने उत्तर प्रदेश के बदलते स्वरूप की प्रशंसा करते हुए कहा कि आज यूपी देश और दुनिया में 'उत्तम प्रदेश' के रूप में अपनी पहचान बना चुका है। यह राज्य अब औद्योगिक निवेश और वैश्विक विश्वास का एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरा है। उन्होंने एक अत्यंत महत्वपूर्ण तथ्य साझा करते हुए बताया कि इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन क्षेत्र में कार्यरत कुल श्रमिकों में महिलाओं की भागीदारी 50 प्रतिशत से ज्यादा है, जो महिला सशक्तिकरण की एक उत्कृष्ट उदाहरण है। यह नया सेमीकंडक्टर उद्योग भविष्य में स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए और सुनहरे अवसर प्रदान करेगा। इसके अलावा, समारोह में यह बात भी दर्ज की गई कि जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कॉमर्शियल उड़ानों की शुरुआत के बाद से दुनिया भर के बड़े निवेशकों के प्रस्ताव लगातार इस क्षेत्र में आ रहे हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स व मदरबोर्ड उत्पादन असेंट-के सर्किट की इस महत्वाकांक्षी योजना के अंतर्गत आने वाले समय में फ्लेक्सिबल पीसीबी, हाई डेंसिटी इंटरकनेक्टेड पीसीबी (एचडीआई पीसीबी) और सेमीकंडक्टर सब्सट्रेट्स का बड़े पैमाने पर उत्पादन किया जाने वाला है, जो यूपी के इलेक्ट्रॉनिक परिदृश्य को पूरी तरह से बदल देगा। दूसरी तरफ, अंबर एंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड द्वारा सेक्टर-8 में लगभग 100 एकड़ के विशाल क्षेत्र पर लगभग 3,532 करोड़ रुपये के निवेश से एक बहुत बड़ी निर्माण इकाई स्थापित की जा रही है। इस प्लांट में पीसीबी असेंबली, कंप्यूटर इलेक्ट्रॉनिक्स, एयर कंडीशनर और अन्य घरेलू इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का बड़े पैमाने पर उत्पादन किया जाएगा। इन दोनों उन्नत इकाइयों में मदरबोर्ड, सेमीकंडक्टर चिप बोर्ड और स्मार्टफोन में इस्तेमाल होने वाले पुर्जे बनाए जाएंगे, जिससे न केवल तकनीकी क्षेत्र को नई गति मिलेगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर व्यापक रोजगार के अवसर भी उत्पन्न होंगे। ये भी पढ़े : मोहर्रम की छुट्टी पर भी खुली OPD, दोगुने मरीजों के पहुंचने से पटरी पर लौटीं स्वास्थ्य सेवाएं