Noida Fire News: नोएडा जिले के सेक्टर-63 के औद्योगिक क्षेत्र में स्थित एक गारमेंट कंपनी की चौथी मंजिल पर शुक्रवार सुबह भीषण आग लग गई। एफ-463 स्थित इस कंपनी की इमारत से लपटें निकलते ही अंदर काम करने वाले कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही फायर विभाग की टीम तुरंत हरकत में आई और आठ दमकल गाड़ियों के साथ घटनास्थल पर पहुंची। राहत की बात यह रही कि इस भीषण हादसे में किसी भी तरह की कोई जनहानि नहीं हुई है। चौथी मंजिल पर लगी थी आग जानकारी के मुताबिक, फैक्ट्री का स्टाफ सुबह करीब आठ बजे पहुंचा था और कंपनी खोली गई थी। कंपनी के खुलते ही इसी दौरान इमारत की चौथी मंजिल पर आग लगी दिखाई दी। कर्मचारियों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कंपनी के अंदर लगे फायर फाइटिंग सिस्टम से खुद ही आग बुझाने का प्रयास किया। हालांकि, आग बुझने के बजाय तेजी से फैलने लगी। डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद पाया काबू सूचना मिलते ही फायर विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर तुरंत कंपनी के अंदर प्रवेश किया और मोर्चा संभालते हुए कई तरफ से फायर फाइटिंग शुरू की। फायरकर्मियों ने अपनी सूझबूझ दिखाते हुए आग को एक ही फ्लोर तक सीमित कर दिया। इस त्वरित कार्रवाई से आग की लपटों को आसपास की अन्य फैक्ट्रियों तक फैलने से पूरी तरह रोक लिया गया। करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया। इस दुर्घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है। लाखों रुपये का हुआ नुकसान जानकारी के अनुसार, रूई, कपड़ा, धागा आदि होने से आग भड़कती चली गई। अग्निशमन टीम आठ गाड़ियों संग मौके पर पहुंची। टीम ने पानी की वर्षा कर आग को फैलने से रोका। करीब डेढ़ घंटे में आग को पूरी तरह से बुझा दिया। इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई और न ही कोई फंसा है। कंपनी प्रबंधन आग से हुए नुकसान का आकलन करने में जुटा है। आग से लाखों रुपये कीमत के कच्चे और निर्मित माल का नुकसान होने का अनुमान लगाया जा रहा है। चालू एसी या शॉर्ट सर्किट से लगी आग ? गौतमबुद्धनगर के सीएफओ प्रदीप कुमार के अनुसार, आग शॉर्ट सर्किट या फिर एसी चालू करने के दौरान लगी होगी। हालांकि, आग के वास्तविक कारणों की अभी गहराई से जांच की जा रही है। फायर विभाग की टीम ने घटनास्थल का बारिकी से निरीक्षण कर नुकसान का आकलन करना शुरू कर दिया है। पुलिस और अग्निशमन विभाग की संयुक्त जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने की असली वजह पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी। ये भी पढ़ें: निर्माणाधीन सड़क में धंसी कार, नहीं थे सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम; क्रेन से निकाली गाड़ी